हिंदी शेर ओ शायरी – दुखती रग पर ऊँगली रखकर

दुखती रग पर ऊँगली रखकर पूछ रही हो कैसे हों …
तुमसे ये उम्मीद नहीं थी दुनिया चाहे जैसी हों …