हिंदी फ्रेंडशिप पोएट्री – होंठों पे उल्फत के फ़साने नहीं आते

होंठों पे उल्फत के फ़साने नहीं आते,
जो बीत गए फिर वो ज़माने नहीं आते,
दोस्त ही होते हैं दोस्तों के हमदर्द,
कोई फ़रिश्ते यहाँ साथ निभाने नहीं आते।